Chand Par Mila Khajana | चाँद पर मिला खजाना वैज्ञानिक हैं हैरान

Chand Par Mila Khajana चाँद के गड्ढो में बर्फ ढूंड रहे वैज्ञानिक उस वक्त हैरान रह गए जब उन्हें वहा बर्फ से ज्यादा कुछ और मिल गया जिससे न सिर्फ रहस्य का खुलासा होगा की चाँद कैसे बना बल्कि चाँद और धरती के बीच के कनेक्शन की तार भी सुलझने वाली हैं.

 

  • चाँद पर बर्फ खोज रहे थे वैज्ञानिक
  • और मिल गया सबसे अनमोल खजाना
  • चाँद की चट्टानों ने उगला नायब खजाना
  • खुलेगे साढ़े 4 अरब साल पुराने राज़

 

दोस्तों यह बात बिलकुल सही है की चाँद पर वैज्ञानिक बर्फ खोज रहे थे लेकिन तभी उनको सबसे अनमोल खजाना मिल गया बड़ी बात तो यह है की इतना खजाना धरती पर भी नहीं है.

 

वैसे तो चाँद हमारा सबसे नजदीकी पडोसी है और इंसानों को सायद सबसे ज्यादा जानकारी इसी के बारे में होगी और अब वैज्ञानिको के सामने चाँद की सतह से जुडी एक ऐसी सच्चाई सामने आई है जिसकी उन्होंने कल्पना तक नहीं की थी.Chand Par Mila Khajana

 

तो दोस्तों वास्तव में या एक बहुत बड़ी खबर है क्यों की हमारा इसरो भी इसी चाँद की चौखट तक पहुच गया है और दोस्तों बहुत जल्द indian Space Agency ISRO Chandryaan 3 Launch करने वाली है.

 

अंदाजे से कही ज्यादा है चाँद पर खजाना

चाँद की सतह पर Metal यानि की धातुवो की मौजूदगी है ये तो वैज्ञानिको को पता था लेकिन NASA की Lunar Reconnaissance Orbiter यानि LRO Spece Craft के Miniature Radio Frequency instument यानि Mini RF ने पाया है की इनकी मौजूदगी बहुत ज्यादा है यानि अंदाज़े से कई गुना है और चाँद पर लोहे और Titanium के बहुत बड़े भण्डार हैं.

 

 

दोस्तों Earth and Planetary Science Lettersमें छपे इस reaserch से जुड़े John Hopkins Applied Physics Laboratory की Investigator Wes Patterson का कहना है की radar instument ने हमारे सबसे करीबी पडोसी की उत्पत्ति और Complexity की नई जानकारी दे कर हमे हैरान कर दिया है.Chand Par Mila Khajana

 

आखिर ये study इतनी खास क्यों है

चाँद को ले कर अभी तक के सबूतों के आधार पर माना जाता रहा है की मंगल गृह के आकार के Protoplanet और एकदम नई पृथ्वी के बीच टक्कर से चाँद की उत्पत्ति हुई थी.

 

लिहाजा चाँद का ज्यादा तर Chemical Composition  पृथ्वी से मिलता जुलता है इसकी गहराई में जा कर देंखेंगे तो पायेंगे की चाँद का अन्धरुनी हिस्सा एक समान नहीं है चाँद की सतह के उजाले हिस्से जिन्हें Lunar Highlands कहा जाता है.Chand Par Mila Khajana

 

वहा चट्टानो में पृथ्वी की तरह कुछ मात्रा में Metals मिलते हैं अगर ये मान लिया जाए की टक्कर के वक्त पृथ्वी की परते अच्छी तरह से कोर Metal और क्रिस्ट में विकशित हो चुकी थी तो ये समझा जा सकता है की चाँद के अंदर ज्यादा Metal नहीं रहा होगा.

 

हाला की जब चाँद के अँधेरे वाले हिस्से मरिया को देखा गया तो पता चला की वहा कई जगहों पर पृथ्वी से ज्यादा Metal हैं.Chand Par Mila Khajana

 

इस खास प्रोपर्टी से मिला इशारा

चाँद को ले कर वैज्ञानिक हमेशा से उलझन में रहे हैं और इस बात पर शोध जारी रहा की आखिर दुसरे प्रोटो प्लेनेट का चाँद पर कितना असर रहा होगा Mini RF को अब पैटर्न मिला है जिससे इस सवाल का जवाब मिल सकता है.

 

इसकी मदद से वैज्ञानिको को चाँद की Northern Hemisphere यानि उत्तरी गोलार्थ के क्रेटर्स की मिट्टी में एक Electric Property मिली है इस Electric Property को Dielectric Constant कहते हैं.Chand Par Mila Khajana

 

किसी मटेरियल और Space के वोलुम में Electric फिल्ड ट्रांसमिट करने की रिलेटिव यानि की सापेक्ष क्षमता की Dielectric Constant कहते हैं इसकी मदद से गड्ढो में छिपी बर्फ को खोजा जा सकता है हाला की टीम को पता चला गड्ढे के आकार के साथ साथ एक क्षमता भी बढती जा रही थी यानि जितने बड़े क्रेटर्स उतना ज्यादा Dielectric Constant.

 

चाँद पर इस रिसर्च से वैज्ञानिक हैरान

इसके बारे में पहले कभी अंदाजा ही नहीं लगाया गया था की ये प्रोपर्टी कभी मिल भी सकती है दरअसल इसकी मदद से अब चाँद के बनने को लेकर एक नई संभावना की ओर वैज्ञानिको का ध्यान गया है.Chand Par Mila Khajana

 

चाँद पर विशाल गड्ढे छोड़ने वाले उल्का पिंड उसकी गहराई में जाते हैं लिहाजा टीम का अंदाजा है की बड़े आकार में गड्ढो में इस खास प्रोपर्टी की वजह ये है की जब उल्का पिंड इन गड्ढो की गहराई में जाते हैं.

 

तो चाँद की अंदरूनी सतह से लोहे और Titanium Ocsaid जैसे Metal बाहर आते हैं जो आम तौर पर सतह के काफी नीचे रहते हैं उनकी मौजूदगी के बारे में पता नहीं चलता जितनी ज्यादा इन Metal की मौजूदगी होती है Dielectric प्रोपर्टी भी उतनी ही ज्यादा होती है.Chand Par Mila Khajana

 

अगर ये थोड़ी सही बैठती है तो इसका मतलब होगा की चाँद की सतह के कुछ सौ मीटर तक लोहे और Titanium Oxide की कमी है लेकिन उसके निचे अकूत भंडार भरे पड़े हैं.

 

2 किलोमीटर निचे तक मिला लोहा

चाँद पर इस बात की पुष्टि भी तब हो गयी है जब Mini RF के radar से मिले तस्वीरों और LRO की वाइल्ड एंगल कैमरा जापान के कागुया मिशन और Nasa के Lunar prospect Spece Craftसे मिले Metal Oxide के Map की तुलना की गयी.

 

बड़े गड्ढो में सतह से आधे किलोमीटर निचे तक कम Metal मौजूद था जबकि आधे किलोमीटर से लेकर 2 किलोमीटर तक Metal की बेहद बड़ी मात्रा पाई गयी Nasa के गोडार्ड Space फलईट सेंटर में LRO project Scientist  नोहा पेंटरो का कहना है की mini RF से मिलने वाले नतीजों से पता चलता है.Chand Par Mila Khajana

 

की lunar Spece Craft के चाँद पर 11 साल तक Operation करने के बाद भी हम अपने सबसे नजदीकी पडोसी के पुरे इतिहास के बारे में नई खोज करने जा रहे हैं भले ही सारे रहस्य सीधे सीधे न खुले हों लेकिन इस डेटा के मिलने के बाद से ये पता लगाने की संभावना बढ़ गई है की चाँद कैसे बना था और साढ़े 4 अरब साल पहले ब्रम्हाण्ड में दरअसल हो क्या रहा था.

 

Chand Par Mila Khajana तो दोस्तों हमारी यह जानकारी आप को कैसी लगी आप हमे कमेंट कर के जरुर बताये और अगर यह जानकारी आप के कुछ काम आये तो इसे अपने दोस्तों और रिश्तेदारों को जरुर भेजे ताकि उन्हें भी सही और जरुरी जानकारी मिल सके मिलते है अगली किसी और जानकारी से भरे पोस्ट में तब तक के लिए नमस्कार !

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